
तपोस्थली का होगा सौंदर्यीकरण
अमेठी। जायस कस्बा स्थित गुरु गोरखनाथ की तपोस्थली को पर्यटन स्थल के रूप में विकसित करने की तैयारी तेज हो गई है। इसके लिए 24.64 करोड़ रुपये का बजट पहले ही जारी हो चुका है। तपोस्थली वाले स्थल के समीप जलभराव की समस्या के समाधान के लिए नगर पालिका परिषद को कहा गया है। इसको लेकर अधिकारियों ने निगरानी बढ़ा दी है।
बता दें कि आस्था के केंद्र गोरखनाथ की तपोस्थली को विकसित करने की योजना लंबे समय से चल रही है। बीते वर्ष तपोस्थली को पर्यटन स्थल के रूप में विकसित करने की योजना पर मंथन किया गया। गोरखनाथ पीठ से जुड़े मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के निर्देश पर उस वक्त जिला प्रशासन ने पर्यटन विभाग के सहयोग से तपोस्थली के सौंदर्यीकरण का प्रस्ताव तैयार कर शासन को भेजा था। प्रस्ताव को अब स्वीकृति भी मिल चुकी है।
इसके आधार पर अब तपोस्थली को विकसित करने की कवायद शुरू हो गई है। प्रभारी पर्यटन अधिकारी महेंद्र मिश्र का कहना है कि वहां पर कुछ जलभराव संबंधी समस्या थी, इसके निराकरण के लिए नगर पालिका से कहा गया है। जैसे ही इस समस्या का समाधान होता है, तत्काल काम शुरू हो जाएगा।
ये होने हैं काम
योजना है कि तपोस्थली में एक भव्य प्रवेश द्वार, प्राचीन कुएं का जीर्णोद्धार, लंगर के लिए शेड युक्त स्थल, पर्यटकों के बैठने के बेहतर इंतजाम के साथ तालाबों में नौका विहार और गुरु गोरखनाथ की यादों से जुड़ी कविताओं और उनके ग्रंथों को भी संजोया जाएगा।फूड और कैफेटेरिया भी
आने जाने वाले पर्यटक और स्थानीय लोग उनके महत्व और उनके जीवन चरित्र को जान सके। कैफेटेरिया और फूड जोन का भी निर्माण प्रस्तावित है। परिसर स्थित तालाब का सौंदर्यीकरण करते हुए उसे नौकायन की दृष्टि से विकसित किया जाएगा।
रोजगार भी मिलेगा
गोरखनाथ की तपोस्थली के पर्यटक स्थल के रूप तैयार होने के बाद जिले का राजस्व बढ़ने के साथ बाहरी लोगों के आगमन से क्षेत्रीय लोगों को रोजगार भी मिलेगा। इससे बाहर जाकर रोजगार की तलाश करने वाले लोगों को यहीं पर बेहतर रोजगार के साधन मिल सकेंगे।
