इटावा। मौसम में लगातार हो रहे उतार-चढ़ाव से अगस्त में सर्दी, जुकाम, खांसी, वायरल के मरीजों की संख्या में चार गुना इजाफा हुआ है। ऐसे में एंटीबायोटिक, पैरासिटामोल से लेकर कफ सिरप की बिक्री में जबरदस्त उछाल आया है। अगस्त में करीब 70 लाख रुपये की दवाओं की बिक्री हुई है।
डॉ. बीआर आंबेडकर संयुक्त जिला अस्पताल के वरिष्ठ फिजीशियन डॉ. अजय शर्मा का कहना है कि इन दिनों जो संक्रमण फैला हुआ है, वो बुखार के साथ-साथ मरीज के गुर्दे और किडनी पर भी असर कर रहा है। इसके अलावा दस्त लगना, पीलिया, सिर दर्द, बदन दर्द, भूख लगना, सांस फूलना, छाती में संक्रमण आदि भी मरीजों को हो रहा है। उन्होंने बताया कि जुलाई में दिनभर में वह 130 मरीज ओपीडी में देखते थे, तो करीब 25-30 पीडित मिलते थे। इस महीने बुखार के सौ में 60 से अधिक मरीज दिखाने आ रहे हैं। उन्होंने सलाह दी है कि इन दिनों लोग स्वीमिंग पूल, सिनेमा हॉल समेत भीड़भाड़ वाले स्थान पर जाने से बचें। अगर बाजार आदि भीड़ वाली जगहों पर जाना पड़े तो मॉस्क पहन लें, क्योंकि यह संक्रमण फैलता है। वहीं, जिला केमिस्ट एसोसिएशन के मुताबिक इन दिनों सबसे ज्यादा एंटीबायोटिक की ब्रिक्री हो रही है। हर माह 25 लाख रुपये की एजिथ्रोमाइसिन और 15 लाख की सिफेक्सिम की प्रतिदिन खपत है। इसी तरह, लगभग 10 लाख की पैरासिटामोल, 10 लाख की कफ सिरप और छह लाख रुपये की एंटी कोल्ड टेबलेट की बिक्री हो रही है।
दवाओं की बिक्री में आया अंतर
दवा जुलाई अगस्त
पैरासिटामोल 7 लाख 10 लाख
एजिथ्रोमाइसिन 10 लाख 25 लाख
सिफेक्सिम 5 लाख 15 लाख
एंटी कोल्ड दवा 5 लाख 10 लाख
कफ सिरप 5 लाख 10 लाख
(नोट: हर माह सिरप की बिक्री बोतल और दवाओं की टैबलेट में। स्रोत-जिला केमिस्ट एसोसिएशन)
विक्रेताओं के पास 20 करोड़ रुपये की दवाओं का स्टॉक
दवाओं की बढ़ती मांग के मद्देनजर जनपद के सभी थोक और फुटकर विक्रेताओं ने वायरल बुखार से संबंधित दवाओं का काफी स्टॉक भी कर लिया है। जिला केमिस्ट एसोसिएशन के मुताबिक दवा विक्रेताओं के पास लगभग पांच-पांच करोड़ की सिफेक्सिम और कफ सीरप, पांच करोड़ की पैरासिटामोल, ढ़ाई करोड़ की एजिथ्रोमाइसिन, ढाई करोड़ की एंटी कोल्ड दवाओं का स्टॉक है।
ये भी समझें
-जिले में 100 से ज्यादा हैं निजी अस्पताल
-सैफई आयुर्विज्ञान विवि, जिला अस्पताल, 100 शैया, 50 शैया समेत 44 सीएचसी-पीएचसी हैं।
-जिले में 300 थोक और 400 फुटकर दवा विक्रेता हैं।
वर्जन
बारिश के बाद वायरल के मरीजों की संख्या में इजाफा हुआ है। बदलते मौसम में लोगों को सावधानी बरतने की जरूरत है। जिला अस्पताल में वायरल फीवर समेत अन्य दवाएं उपलब्ध हैं। मरीजों को बीमारी के हिसाब से दवा दी जा रही है। जरूरत के हिसाब से दवाओं की डिमांड भेज दी जाती है।
-डॉ. पारितोष शुक्ला, सीएमएस पुरुष अस्पताल।
