सारंध्रा नगर कॉलोनी निवासी सुदेश कठौरिया (40) ने पत्नी एवं बच्चों को बाजार भेजने के बाद शनिवार शाम रस्सी के सहारे फंदा लगा लिया। पिता ने उसे फंदे से लटका देख शोर मचाया। शव के नीचे उतारे जाने तक उसकी मौत हो चुकी थी।
सारंध्रा नगर कॉलोनी निवासी सुदेश कठौरिया (40) ने पत्नी एवं बच्चों को बाजार भेजने के बाद शनिवार शाम रस्सी के सहारे फंदा लगा लिया। पिता ने उसे फंदे से लटका देख शोर मचाया। शव के नीचे उतारे जाने तक उसकी मौत हो चुकी थी।
हंसारी स्थित एक शोरूम में सुदेश प्राइवेट नौकरी करता था। परिवार में पत्नी लिपि समेत एक बेटा एवं एक बेटी है। परिजनों का कहना है कि कुछ दिनों से वह मानसिक तौर से परेशान रहता था। घर में गुमसुम रहने लगा था। शनिवार को काम पर नहीं गया। शाम को बच्चों समेत पत्नी लिपि को बाजार से सामान लाने के लिए भेज दिया। घर पर सुदेश और उसके बुजुर्ग माता-पिता थे। काफी देर तक उसके बाहर न आने पर पिता शिव प्रसाद उसे तलाशते हुए उसके कमरे में पहुंचे। आवाज देने पर भी कमरा न खुलने पर उन्होंने खिड़की से अंदर देखा। सुदेश रस्सी के सहारे फंदे से लटका था। यह देख उनकी चीख निकल गई। शोर-शराबा सुनकर पड़ोसी जमा हो गए। पुलिस भी पहुंच गई। पत्नी एवं बच्चों के लौटने तक सुदेश की मौत हो चुकी थी। उसके 8 साल का बेटा एवं 5 साल की बेटी है। दोनों पढ़ते हैं।
थाना प्रभारी तुलसीराम पांडेय का कहना है कि परिजन सुसाइड की वजह नहीं बता सके। मामले की जांच कराई जा रही है।