झांसी। आईटीआई से खोड़न की ओर जाने वाली सड़क पूरी तरह जर्जर हो चुकी है। सड़क पर गहरे गड्ढे और टूटी नालियों के कारण स्थानीय लोगों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। इस मार्ग पर स्थित एक कॉलेज के सैकड़ों छात्र-छात्राएं रोजाना यहां से गुजरते हैं और गिरकर चोटिल हो रहे हैं। यह सड़क आईटीआई को खोड़न और शिवपुरी हाईवे से जोड़ती है।
यह मार्ग कई वर्षों से खराब हालत में है। बरसात से पहले गड्ढों को धूल डालकर भरा गया था। हालांकि, बारिश के बाद वे फिर से खुल गए हैं। इन गड्ढों में पानी भर जाने से उनकी गहराई का अंदाजा नहीं लगता। इससे सड़क पर हादसों की संख्या बढ़ गई है। कई स्थानों पर नालियां भी टूटी हुई हैं। इनका गंदा पानी सड़क पर बहता है, जिससे पैदल चलने वालों को भी दिक्कत होती है।
लगातार हो रहे हादसे
खोड़न निवासी रोहित राय ने बताया कि कॉलेज के छात्र-छात्राएं गड्ढों में पानी भरा होने के कारण गिरकर चोटिल हो रहे हैं। राजू अहिरवार ने कहा कि इस सड़क पर अब तक कई ई-रिक्शा पलट चुके हैं। उनमें सवार लोग घायल हुए हैं। स्थानीय लोगों ने पार्षद से कई बार सड़क के निर्माण की मांग की है। हालांकि, अब तक इस ओर कोई ध्यान नहीं दिया गया है।
सड़क की बदहाली और जनजीवन पर असर
आईटीआई निवासी सुमित राय ने बताया कि यह सड़क कई साल से जर्जर है। बरसात के पहले गड्ढे नजर आते थे, जिससे हादसे कम होते थे। अब ये गड्ढे पानी से भर गए हैं, जो हादसों का कारण बन रहे हैं। खोड़न निवासी ज्ञानवती सिंह ने कहा कि सड़क जर्जर होने के साथ-साथ कई स्थानों पर नालियां भी टूटी हैं। इनका पानी सड़क पर बहता है, जिससे लोगों को गंदे पानी से होकर गुजरना पड़ता है। शिकायत के बावजूद अब तक निर्माण नहीं हुआ है।
व्यापार और आवागमन की चुनौतियां
ज्ञानवती सिंह ने यह भी बताया कि सड़क से गुजरने में सबसे ज्यादा परेशानी स्कूली बच्चों और बुजुर्गों को होती है। इन गड्ढों के कारण कई दोपहिया सवार चोटिल हो चुके हैं। कई ई-रिक्शा भी पलट चुके हैं। हादसों के बाद भी सड़क की स्थिति नहीं सुधरी है। खोड़न निवासी अजय यादव ने कहा कि सड़क के जर्जर होने से किनारे बनीं दुकानों का व्यापार भी प्रभावित हो रहा है। कई ग्राहक सड़क पर कीचड़ के कारण खरीदारी करने नहीं पहुंच रहे हैं, जिससे दुकानदारों को नुकसान हो रहा है।
