बबीना स्थित वाटर ट्रीटमेंट प्लांट में शुक्रवार को भी पंप नहीं चल सके। इस वजह से महानगर पेयजल योजना के जरिए आपूर्ति होने वाले करीब 8200 नहीं हो सकी। भगवंतपुरा, बिजौली, राजगढ़, मसीहागंज, सीपरी बाजार के कई इलाकों में महानगर पेयजल से आपूर्ति नहीं हो सकी। लोगों को पीने के पानी के लिए परेशान होना पड़ा। उधर, एजेंसी के पंप संचालन ठप कर देने के दो दिन बाद भी जल निगम अफसर कोई रास्ता नहीं निकाल सके।
महानगर पेयजल योजना की पाइप लाइन समेत पंप का कुछ हिस्सा पिछोर (मप्र) में पड़ता है। कार्यदायी एजेंसी के कर्मचारियों का आरोप है कि पिछोर के स्थानीय निवासी गुंडा टैक्स मांग रहे हैं। पैसा न देने पर पंप हाउस में तैनात कर्मचारियों के साथ मारपीट करते हैं। पिछले माह भी एक कर्मचारी को पीटकर अधमरा कर दिया। उसका सिर भी फोड़ दिया।
वहां कर्मचारियों की सुरक्षा के कोई इंतजाम नहीं है। 19 अगस्त को भी स्थानीय लोगों ने डब्ल्यूटीपी पर आकर मारपीट की। इसके बाद से ही कर्मचारियों ने पंप संचालन बंद कर दिया है। सीपरी बाजार, भगवंतपुरा, मसीहागंज, बिजौली में टंकी नहीं भर सकी। यहां के लोग पीने के पानी के लिए परेशान रहे। एक्सईएन मुकेश पाल का कहना है कि इस संबंध में कार्यदायी एजेंसी की ओर से पत्र मिला है। पंप संचालित करने का प्रयास किया जा रहा है।
दिशा की बैठक में भी गूंजा मामला
दिशा की बैठक में भी पंप हाउस का संचालन ठप होने का मामला गूंजा। इसका भी अफसर कोई सटीक जवाब नहीं दे सके। जल निगम के अफसरों ने बताया कि मध्य प्रदेश में स्थानीय लोगों की वजह से संचालन में परेशानी आ रही है। सांसद अनुराग शर्मा ने इस पर नाराजगी जताते हुए जिलाधिकारी को मामला सुलझाने के निर्देश दिए।