– पिता ने भजन गाकर दक्षिणा से किया बेटे के अरमानों को पूरा
संवाद न्यूज एजेंसी
झांसी। मुफलिसी के मैदान पर फॉरवर्ड खेलते हुए झांसी के युवा हॉकी खिलाड़ी सौरभ आनंद अब सुल्तान ऑफ जोहोर कप में विरोधियों पर स्ट्राइक करेंगे। दद्दा मेजर ध्यानचंद की नगरी का यह खिलाड़ी उनकी विरासत को आगे बढ़ाने के लिए बेताब है। प्रतियोगिता 17 से 26 अक्तूबर तक मलयेशिया में होगी। भारतीय जूनियर हॉकी टीम में उनका चयन फॉरवर्ड खिलाड़ी के तौर पर हुआ है।
सौरभ ने अपने कॅरिअर की शुरुआत बेहद मुफलिसी में की है। बेटे के सपने को पूरा करने के लिए पिता केशवानंद कुशवाहा ने घर-घर जाकर भजन गाए हैं। महज दक्षिणा से परिवार की दैनिक जरूरतों को पूरा करने के साथ ही बेटे के सपने को उड़ान दी। सौरभ ने भी पिता की मेहनत की लाज रखी और बेहतरीन खेल का प्रदर्शन किया है।
परिजन के अनुसार सौरभ ने मेजर ध्यानचंद स्टेडियम में अभ्यास शुरू किया। परिवार में आर्थिक तंगी को देखते हुए सौरभ ने हॉकी छोड़ काम करने का मन बनाया। लेकिन उनके पिता ने उनका मनोबल बढ़ाया और घरों और प्रतिष्ठानों के साथ ही मंदिरों में भी भजन गाना शुरू कर दिया। भजन में मिलने वाली दक्षिणा से घर और बेटे की खेल संबंधी जरूरतों को पूरा किया।
बेटे ने भी पिता के अरमानों को पूरा करने के लिए अभ्यास को दोगुना करते हुए अपने खेल को निखारा। सौरभ ने 25 से अधिक राष्ट्रीय प्रतियोगिताओं में प्रतिभाग करने के साथ ही आठ अंतरराष्ट्रीय मुकाबलों में भारतीय टीम का प्रतिनिधित्व किया है। उन्होंने बांग्लादेश, कोरिया, जर्मनी, नीदरलैंड, बेल्जियम, मलयेशिया और ओमान में अपने खेल का प्रदर्शन किया है। जूनियर इंडिया हॉकी टीम में चयन होने पर रविवार को उनके घर बधाई और शुभकामनाएं देने वालों का तांता लग गया।
