फूड प्रोसेसिंग सेक्टर उत्तर प्रदेश को वन ट्रिलियन की अर्थव्यवस्था बनाने के साथ किसानों की समृद्धि का आधार बनेगा। देश के विकास का मार्ग केवल खेत-खलिहानों से ही नहीं, एमएसएमई इकाइयों और उद्यमिता से भी होकर गुजरता है। ये बातें रविवार को प्रदेश के एमएसएमई और आगरा के प्रभारी मंत्री भूपेंद्र चौधरी ने होटल जेपी पैलेस में तीन दिवसीय उत्तर प्रदेश फूड एक्सपो एंड कॉन्क्लेव का उद्घाटन करते हुए कहीं।
फूड एक्सपो में देश भर से खाद्य प्रसंस्करण, कृषि, तकनीक, पैकेजिंग, निर्यात, कोल्ड चेन से जुड़े उद्यमी, नीति-निर्माता और विशेषज्ञ जुटे। 150 से ज्यादा स्टॉलों की प्रदर्शनी के जरिये खाद्य प्रसंस्करण उद्योग ने नवाचार और अपनी गुणवत्ता से रूबरू कराया। दोपहर में प्रभारी मंत्री भूपेंद्र चौधरी ने दीप जलाकर उद्घाटन किया और कहा कि खाद्य प्रसंस्करण उद्योग में असीम संभावनाएं हैं।
उन्होंने कहा कि उद्यमी, किसान, व्यापारी सामूहिक प्रयास करें। सरकार की भूमिका अवसर और अनुकूल वातावरण उपलब्ध कराने की है। सबसे ज्यादा एक्सप्रेसवे, आधुनिक सड़क नेटवर्क, एयरपोर्ट, डिफेंस कॉरिडोर, औद्योगिक पार्क और बेहतर कनेक्टिविटी ने आगरा और उत्तर प्रदेश के जिलों में निवेश के नए द्वार खोले हैं, जिसका सीधा लाभ एमएसएमई और फूड प्रोसेसिंग उद्योगों को मिल रहा है। सूबे में 96 लाख से अधिक एमएसएमई इकाइयों से चार करोड़ लोग जुड़े हुए हैं।
किसानों के आय के साथ रोजगार भी बढ़ेंगे
तीन दिवसीय फूड एक्सपो में उत्तर प्रदेश सहित सात राज्यों के उद्यमियों ने 150 से अधिक स्टॉल लगाए हैं, जिनमें नई तकनीक और नवाचार वाले उत्पादों को पेश किया गया। यहां फूड प्रोसेसिंग मशीनरी, कोल्ड चेन, वेयरहाउसिंग, पैकेजिंग उद्योग, आधुनिक रसोई उपकरण, फूड टेक्नोलॉजी, खाद्य तेल, आटा एवं अनाज उत्पाद, मसाले, ड्राई फ्रूट्स, पेठा, आइसक्रीम, बबल टी, बेकरी उत्पाद और निर्यात से जुड़े उत्पादों एवं सेवाओं को पेश किया गया है। प्रदर्शनी का उद्घाटन केंद्रीय राज्यमंत्री प्रो. एसपी सिंह बघेल ने फीता काटकर किया। बघेल ने स्टॉलों का निरीक्षण कर कहा कि कृषि उत्पादों की फूड प्रोसेसिंग से किसानों की आय और रोजगार के अवसर बढ़ेंगे। भारतीय उत्पादों को गुणवत्ता के आधार पर वैश्विक पहचान मिलेगी। यह एक्सपो कृषि और उद्योग के बीच पुल की तरह है।
उद्योग, निवेश और नवाचार का संगम
चैंबर ऑफ फूड प्रोसेसिंग इंडस्ट्रीज एसोसिएशन के अध्यक्ष राजकुमार भगत ने बताया कि तीन दिवसीय फूड एक्सपो देश के खाद्य प्रसंस्करण उद्योग को नई दिशा देने वाला मंच सिद्ध होगा। मुख्य सलाहकार मनीष अग्रवाल रावी ने बताया कि तीन दिनों तक विभिन्न तकनीकी, नीतिगत और व्यावसायिक विषयों पर विशेषज्ञ सत्र आयोजित किए जाएंगे। इस दौरान संरक्षक अजय अग्रवाल, निदेशक एमएसएमई वीके वर्मा, एपीडा के क्षेत्रीय प्रमुख डॉ. सीबी सिंह, संयुक्त आयुक्त उद्योग अनुज कुमार, उपायुक्त शैलेंद्र सिंह, डेवलपमेंट काउंसिल फॉर फुटवियर एंड लेदर इंडस्ट्री के अध्यक्ष पूरन डावर, आगरा कोल्ड स्टोरेज ओनर्स एसोसिएशन के अध्यक्ष भुवेश अग्रवाल, महासचिव अनुज सिंघल, पूर्व अध्यक्ष राजेश अग्रवाल, विनय अग्रवाल आदि मौजूद रहे। संचालन रीनेश मित्तल ने किया।
