मुन्ना… तुम अमेरिका जा सकते हो, लेकिन एक बात साफ बता रहे हैं कि न तो मैं अमेरिका आ पाऊंगी, न पिताजी आएंगे और न बच्चे आ पाएंगे। साल 1985 में मां की इसी एक बात ने आईआईटी कानपुर से पासआउट हो चुके ज्ञानेश कुमार को अमेरिका जाने से रोक लिया था। अमेरिका का टिकट कैंसिल कर उन्होंने यहीं देश की सेवा करने का फैसला किया और आज वह देश के मुख्य चुनाव आयुक्त (सीईसी) हैं। यह भावुक संस्मरण खुद सीईसी ज्ञानेश कुमार ने बुधवार को आगरा में साझा किया।

कार्यक्रम में अपने माता-पिता और पत्नी सहित परिजनों की मौजूदगी में सीईसी ने आगरा से अपने गहरे जुड़ाव का जिक्र किया। उन्होंने बताया कि 1985 में आईआईटी कानपुर से पढ़ाई पूरी करने के बाद उन्हें अमेरिका की यूनिवर्सिटी से 1800 डॉलर प्रतिमाह की स्कॉलरशिप मिली थी। उन्होंने शहर के उद्यमियों के प्रयासों की सराहना की। चैंबर के पूर्व अध्यक्ष भुवेश अग्रवाल को लाइफ टाइम अचीवमेंट पुरस्कार से सम्मानित किया।

समारोह के दौरान चैंबर अध्यक्ष मनोज कुमार बंसल, आयोजन समिति अध्यक्ष अनिल वर्मा, उपाध्यक्ष नितेश अग्रवाल, अंबा प्रसाद गर्ग, विनय मित्तल, सीताराम अग्रवाल, शलभ शर्मा, श्रीकिशन गोयल, मनीष अग्रवाल, अतुल गुप्ता, टीएन अग्रवाल, अमर मित्तल, पूरन डावर, दीपक शर्मा, देवेंद्र गुप्ता, मनोज गुप्ता, राकेश चौहान, संजय गोयल आदि मौजूद रहे।



Source link

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

अभी अभी की खबरें