बहराइच की पयागपुर सीट से पूर्व कांग्रेस विधायक मुकेश श्रीवास्तव के खिलाफ प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) ने जांच शुरू कर दी है। पूर्व विधायक और स्वास्थ्य विभाग के कर्मियों के खिलाफ बीते दिनों तीन जिलों श्रावस्ती, गोंडा और बलरामपुर में दवाओं की आपूर्ति आदि के कार्यों में हुई वित्तीय अनियमितताओं को लेकर विजिलेंस द्वारा दर्ज एफआईआर के आधार पर ईडी ने मनी लॉन्ड्रिंग एक्ट के तहत केस दर्ज किया है। ईडी इससे पहले भी एनआरएचएम घोटाले में उनकी जांच कर चुका है।
विजिलेंस ने आय से अधिक संपत्ति अर्जित करने के मामले में मुकेश श्रीवास्तव को 10 जून को लखनऊ से गिरफ्तार किया था। जांच में उनके पास 67 लाख रुपये की अघोषित आय मिलने का खुलासा हुआ था। गिरफ्तारी से पहले उन पर तीनों जिलों में स्वास्थ्य विभाग के कार्यों में बड़े पैमाने पर घोटाले के आरोप लगे थे।
जांच के दौरान तत्कालीन मुख्य चिकित्सा अधिकारियों समेत स्वास्थ्य विभाग के कई कर्मचारियों की संलिप्तता भी सामने आई थी। जांच को आगे बढ़ाने के लिए ईडी ने विजिलेंस से तीनों एफआईआर और अब तक मिले साक्ष्यों की जानकारी मांगी है।