सपा अध्यक्ष एवं पूर्व मुख्यमंत्री अखिलेश यादव ने कहा कि भाजपा सरकार में अन्याय, अत्याचार चरम पर है। सरकार छात्रों-नौजवानों पर लाठियां चला रही है। उन पर आंसू गैस के गोले छोड़ रही है। करंट लगा रही है। क्या इसलिए सरकार बनी थी। क्या यही सबका साथ-सबका विकास है। क्या यही विकसित भारत का लक्ष्य है।
अखिलेश यादव ने मंगलवार को संसद परिसर में मीडिया से बात करते कहा कि भाजपा सरकार ने छात्रों के साथ बर्बरतापूर्ण व्यवहार किया है। आजाद भारत में छात्रों के साथ कोई सरकार इस तरह का व्यवहार करेगी, इसकी कल्पना नहीं की जा सकती है। छात्रों के सिर पर चोटे हैं। टांके लगे हैं। हाथ-पैर की हड्डियां टूट गईं। सरकार ने हिटलर की तरह अपने निजी लोगों के गैंग से छात्रों पर लाठी चलवाई।
उन्होंने कहा कि लोकतंत्र में इसे कभी नहीं स्वीकार किया जा सकता है। ऐसी तानाशाह सरकार को हटाने के लिए हम लोग लगातार लड़ते रहेंगे। भाजपा सरकार छात्रों, नौजवानों को नौकरी नहीं दे पा रही है। पेपर लगातार लीक हो रहे हैं। सरकार ने स्वीकार किया कि पेपर लीक हुए, इसलिए दोबारा नीट का पेपर हुआ। देश में जहां-जहां भाजपा की सरकारें है वहां पेपर लीक हो रहे हैं।
उन्होंने कहा कि नीट पेपर लीक और हेराफेरी की जिम्मेदारी सरकार की है, लेकिन दोषियों पर कोई कार्रवाई नहीं हुई। भाजपा सरकार अपने संघी-साथी मंत्रियों पर इस्तीफे नहीं ले पा रही है, क्योंकि वह जानती है, जिस समय दबाव बनाकर इस्तीफा लेगी तो वे मंत्री इनके दबे-छिपे राज खोल देंगे। परीक्षाओं और भर्तियों की तैयारी करने वाले नौजवान निराश है। भाजपा सरकार ने युवाओं के सामने संकट पैदा किया है। यह संकट तभी खत्म होगा जब भाजपा सरकार सत्ता से हटेगी।
