{“_id”:”6aec04ab0d1e82b0dd098a91″,”slug”:”agra-stadium-project-10-acre-stadium-planned-in-shakti-nagar-cantonment-2026-11-05″,”type”:”story”,”status”:”publish”,”title_hn”:”आगरा को बड़ा तोहफा: शक्ति नगर में 10 एकड़ जमीन पर बनेगा स्टेडियम, छावनी परिषद के प्रस्ताव को मिली मंजूरी”,”category”:{“title”:”City & states”,”title_hn”:”शहर और राज्य”,”slug”:”city-and-states”}}

परिषद सदस्य राजेश गोयल
– फोटो : अमर उजाला
विस्तार
आगरा के छावनी क्षेत्र के शक्ति नगर में खेल सुविधाओं को बढ़ावा देने के लिए छावनी परिषद स्टेडियम बनवाएगी। परिषद की ओर से दिल्ली स्थित मुख्यालय को भेजे गए प्रस्ताव को मंजूरी मिल गई है। अब इसकी विस्तृत परियोजना रिपोर्ट (डीपीआर) तैयार कर स्वीकृति के लिए भेजी जाएगी। करीब 10 एकड़ जमीन पर बनने वाले स्टेडियम के पहले चरण में चहारदीवारी कराकर मैदान को खेलने योग्य बनाया जाएगा। इसके बाद भवन निर्माण और अन्य सुविधाएं विकसित की जाएंगी।
बुधवार को प्रतापपुरा में छावनी परिषद के मनोनीत सदस्य राजेश गोयल ने बताया कि सीईओ ने शक्ति नगर में स्टेडियम निर्माण का प्रस्ताव मुख्यालय भेजा था, जिस पर सहमति जताते हुए डीपीआर बनाने को कहा गया है। डीपीआर को मंजूरी मिलने के बाद चरणबद्ध तरीके से निर्माण कार्य शुरू कराया जाएगा।
स्टेडियम के साथ ही तीन वार्डों में नई टंकियों के निर्माण के लिए तैयार प्रस्ताव को भी स्वीकृति दी गई है। इसके लिए टेंडर प्रक्रिया शुरू होगी। फिलहाल पानी का संकट देखते हुए बूस्टर पंप लगाए गए हैं। सार्वजनिक शौचालयों के रखरखाव और संचालन की व्यवस्था बेहतर बनाने के लिए इनका संचालन एजेंसी से कराया जाएगा।
छावनी को सिविल क्षेत्र में शामिल करने की प्रक्रिया में आएगी तेजी
परिषद सदस्य राजेश गोयल ने बताया कि चार दिन पहले रक्षामंत्री राजनाथ सिंह से मुलाकात कर छावनी क्षेत्र को सिविल क्षेत्र में शामिल करने की प्रक्रिया का मुद्दा उठाया गया था। इस प्रक्रिया में आ रही अड़चनों को दूर करने का आश्वासन रक्षामंत्री ने दिया है। चुनाव के बाद इस प्रक्रिया में तेजी आएगी। छावनी परिषद के नियमों में बदलाव होने से क्षेत्र के लोगों को राहत मिली है। गोयल ने बताया कि ताज ट्रेड एसोसिएशन की ओर से सदर में दिवाली मेला लगाया जाएगा।
छावनी परिषद के सीईओ दीपक मोहन ने बताया कि शक्ति नगर में 10 एकड़ जमीन पर स्टेडियम का प्रस्ताव है। पहले चरण में मैदान को खेलने लायक बनाया जाएगा, फिर इमारत का निर्माण और सुविधाएं विकसित होंगी। पाइपलाइन के लिए डेढ़ करोड़ के टेंडर जारी किए गए हैं।

