श्रीराम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट की बुधवार को हुई बैठक में मुख्य कार्यकारी अधिकारी (सीईओ) की नियुक्ति के लिए एक माह का अतिरिक्त समय देने का निर्णय लिया गया। ट्रस्ट ने बताया कि बड़ी संख्या में आवेदन मिलने के कारण चयन प्रक्रिया में अपेक्षा से अधिक समय लग रहा है। साथ ही समाज और मीडिया से बेहतर संवाद के लिए प्रवक्ता नियुक्त करने का भी फैसला लिया गया। महासचिव समेत ट्रस्ट के अन्य रिक्त पदों पर अभी कोई निर्णय नहीं हुआ है।
चढ़ावा चोरी का मामला सामने आने के बाद एसआईटी ने अपनी सिफारिशों में सीईओ नियुक्त करने का सुझाव दिया था। अंतरिम महासचिव कृष्ण मोहन ने बताया कि अधिक आवेदन आने से चयन प्रक्रिया लंबी हो गई है। पारदर्शिता के साथ नियुक्ति पूरी करने के लिए एक माह का अतिरिक्त समय दिया गया है।
बैठक में चढ़ावा चोरी की जांच पर कोई चर्चा नहीं हुई। ट्रस्ट के अनुसार एसआईटी की अंतिम रिपोर्ट अभी प्राप्त नहीं हुई है और जांच प्रक्रिया जारी है। इसलिए इस विषय पर विचार नहीं किया गया।
न्यासियों ने चढ़ावा गणना कक्ष समेत मंदिर परिसर की सीसीटीवी सुरक्षा व्यवस्था की समीक्षा की और संतोष जताया। बताया गया कि सभी कैमरों की पहुंच सुरक्षा एजेंसियों को उपलब्ध है। इसके अलावा भारतीय रिजर्व बैंक की सहायक संस्था द्वारा चढ़ावे में प्राप्त सोना-चांदी की मात्रा और शुद्धता की जांच की मौजूदा व्यवस्था जारी रखने का निर्णय लिया गया। ट्रस्ट ने दावा किया कि विवादों के बावजूद राम मंदिर में श्रद्धालुओं की संख्या में कोई कमी नहीं आई है।
