आरोप: पीट-पीटकर मासूम बेटी को मार डाला
कुछ दिनों तक तो ठीक-ठाक रहा फिर अखिलेश हदें पार करने लगा। दिव्यांशी का उत्पीड़न करता था और विरोध पर चार साल की बेटी प्रिया को बेरहमी से पीटता था। आरोप है कि चार मई की सुबह सात से आठ बजे के बीच अखिलेश ने दिव्यांशी को नशीला पदार्थ पिला दिया। इसी बीच उसने मासूम प्रिया की पीट कर हत्या कर दी। इसके बाद इलाज के बहाने कार में डालकर दिव्यांशी और प्रिया को अपने गांव मानपुर ले गया। यहां खेत में प्रिया का शव दफन कर दिया और दिव्यांशी को अपनी बहन रजनी के घर फर्रुखाबाद के कायमगंज छोड़ आया।
पत्नी को रोहतक में छोड़कर भाग आया था आरोपी
आरोप है कि मासूम के शव को दफन करते समय दिव्यांशी के ससुर सुरेंद्र और सास तारा भी मौजूद थी। इसके बाद अखिलेश दिव्यांशी को रोहतक ले गया और वहां छोड़कर भाग गया। दिव्यांशी को उसका चचेरा भाई सुनील लेकर आया और पुलिस को तहरीर दी। तब पुलिस ने जांच शुरू की तो बच्ची की हत्या का मामला उजागर हुआ। आरोपी ने बताया कि उसने कांट इलाके में बच्ची का शव दफनाया है।
बृहस्पतिवार सुबह करीब 7:30 बजे से कांट थाना क्षेत्र के महानपुर गांव के पूर्व स्थित खेत में पुलिस की निगरानी में दो जेसीबी मशीनों से खोदाई कराई गई। पुलिस को बच्ची की एक फ्रॉक खोदाई में मिली है, जिसकी पहचान उसकी मां दिव्यांशी ने की। बेटी की फ्रॉक देखकर दिव्यांशी रो-रोकर बेसुध हो गई।
बेटी की फ्रॉक देख बेसुध हुई मां
फ्रॉक मिलने के बाद पुलिस को मामले में एक महत्वपूर्ण सुराग हाथ लगा है। हालांकि खोदाई के बावजूद बच्ची का शव बरामद नहीं हो सका। पुलिस के अनुसार, आरोपी अखिलेश ओर उसका पिता सुरेंद्र घटनास्थल की सटीक पहचान नहीं कर पा रहा है। इसके कारण शव दफनाने की सही जगह चिह्नित करने में दिक्कत आ रही है।




