आगरा। सरकारी राशन दुकानों पर अब उपभोक्ताओं को राशन के साथ दूध, बिस्किट, मसाले और बच्चों के कपड़े सहित 35 तरह की वस्तुएं भी मिलेंगी। कोटेदारों की आय बढ़ाने के लिए शासन ने इसकी मंजूरी दे दी है। हालांकि, कोटेदार किसी भी उपभोक्ता पर जबरन सामान खरीदने का दबाव नहीं बना सकेंगे। जबरन बिक्री करने पर कार्रवाई होगी।
अपर जिलाधिकारी नागरिक आपूर्ति अजय नारायण सिंह ने बृहस्पतिवार को इसके स्पष्ट निर्देश जारी किए। उन्होंने बताया कि जिले में 1,200 राशन दुकानें हैं। इस व्यवस्था का मुख्य उद्देश्य उपभोक्ताओं को स्थानीय स्तर पर जरूरत का सामान सुलभ कराना और दुकानदारों की आय में वृद्धि करना है। अब राशन की दुकानों पर पैक्ड दूध, बिस्किट, ब्रेड, घी, सूखे मेवे, मसाले, बच्चों के कपड़े, छाता, रेनकोट, टॉर्च, बर्तन धोने वाले बार और इलेक्ट्रिक सामान आदि 35 तरह की वस्तुएं मिलेंगी। इसके अतिरिक्त हैंडवॉश, शेविंग किट और डायपर, साबुन व वाइप्स जैसे बेबी केयर उत्पाद भी बेचे जा सकेंगे। प्रशासन ने सख्त निर्देश दिए हैं कि कोटेदार केवल उन्हीं वस्तुओं की बिक्री करेंगे जो एफएसएसएआई मानकों का पालन करती हों और सक्षम स्तर से प्रमाणित हों।
