कदौरा (जालौन)। 2016 से बंद पड़े विद्यालय से मार्च 2021 में फर्जी तरीके से टीसी जारी की गई। ट्रांसफर सर्टिफिकेट के इस मामले से शिक्षा विभाग और स्थानीय प्रशासन की कार्यप्रणाली पर सवाल उठने लगे हैं। मामले की जांच के लिए महिला ने 14 जुलाई को सीएम पोर्टल पर शिकायत की है।
जानकारी के अनुसार मामला कदौरा क्षेत्र के ग्राम जमरेही स्थित बीआर आंबेडकर जूनियर हाईस्कूल का है। यह स्कूल वर्ष 2016 से बंद चल रहा है। बावजूद इसके मार्च 2021 में इसी विद्यालय से एक युवक के नाम कक्षा 8वीं की फर्जी टीसी जारी की गई। यह मामला तब उजागर हुआ जब एक महिला ने उस युवक (22) पर शारीरिक शोषण का आरोप लगाते हुए स्थानीय थाना और पुलिस अधीक्षक को पांच जून को शिकायती पत्र सौंपा। पुलिस ने मामले में जांच करते हुए आरोपी युवक व उसके पिता को थाने में बुलाया। युवक के पिता ने उसे नाबालिग सिद्ध करने के लिए इसी विद्यालय से प्राप्त टीसी पुलिस को सौंपी।
टीसी के आधार पर पुलिस ने आरोपी को नाबालिग मानते हुए मामले में कार्रवाई से इन्कार कर दिया। वहीं, जब महिला को जानकारी हुई कि जिस विद्यालय से टीसी जारी की गई है, वह नौ साल से बंद है तो उसने पूरे मामले की पड़ताल की। जांच में यह भी सामने आया कि आरोपी युवक की वास्तविक शैक्षणिक योग्यता केवल कक्षा दो तक की है। आज भी वह दस्तखत करने में अक्षम है। इसके बाद भी उसके नाम से कक्षा 8वीं तक की टीसी जारी कर दी गई।
पीड़िता ने सीएम जनसुनवाई पोर्टल पर शिकायत दर्ज कराई है। इसमें फर्जी टीसी जारी करने वाले शिक्षक और युवक के खिलाफ कार्रवाई की मांग की है। वहीं, बीईओ अमर सिंह ने कहा कि मामला अभी संज्ञान में नहीं है, लेकिन जल्द ही जांच कराई जाएगी। यदि विद्यालय या कोई भी व्यक्ति दोषी पाया गया तो उसके विरुद्ध कड़ी कार्रवाई की जाएगी।
