झांसी। बारिश और त्योहारी सीजन के बीच रसोई का बजट लगातार बिगड़ता जा रहा है। शहर के बाजारों में आटा, चीनी, दाल और खाद्य तेलों के दाम पिछले महीने की तुलना में तेजी से बढ़े हैं। इनमें सबसे अधिक उछाल चीनी की कीमतों में दर्ज की गई है। 31 जुलाई से 17 अगस्त के बीच चीनी के दाम तीन बार बढ़ाए गए हैं। जो चीनी 31 जुलाई को 46 रुपये प्रति किलो थी, वह अब 63 रुपये प्रति किलो के स्तर पर पहुंच गई है।
किराना बाजार में आई इस तेजी का सीधा असर घरेलू बजट पर दिख रहा है। जुलाई में 46 रुपये प्रति किलो बिकने वाली चीनी चार अगस्त को 51 रुपये, 14 अगस्त को 56 रुपये और 17 अगस्त की रात को बढ़कर 63 रुपये प्रति किलो हो गई। इस तरह मात्र 18 दिनों में चीनी के दाम में 17 रुपये प्रति किलो का इजाफा हुआ है। इसी तरह खाद्य तेलों और दालों के दाम भी चढ़ गए हैं। मूंग, चना, छोले और अरहर की दालों में पांच रुपये प्रति किलो तक की बढ़ोतरी हुई है।
अभी रिफाइंड और सरसों का तेल ग्राहकों को 750 मिलीलीटर (एमएल) के पैकेट में उपलब्ध कराया जा रहा है। नए नियमों के आधार पर, एक सितंबर से खाद्य तेल का पैकेट 750 एमएल के बजाय एक किलो के मानक पर मिलेगा। वजन बढ़ने के कारण एक सितंबर से खाद्य तेलों के दाम में और अधिक बढ़ोतरी तय है।
विवेक, (थोक व्यापारी) सुभाषगंज बाजार
चीनी के दाम बढ़ने के पीछे मुख्य कारण गन्ने का एथनॉल उत्पादन में अधिक इस्तेमाल होना है। इससे चीनी की उपलब्धता सीमित हो रही है और बाजार भाव सीधे तौर पर प्रभावित हो रहे हैं। तीन दिन पहले थोक रेट 5600 रुपये प्रति क्विंटल था, जो 17 अगस्त की रात को बढ़कर 6100 रुपये प्रति क्विंटल हो गया।
आकाश गोयल, (थोक व्यापारी) सुभाषगंज बाजार
बढ़ती कीमतों को लेकर महिलाओं में रोष है। आटा, दाल और खाद्य तेल के दाम लगातार बढ़ रहे हैं। इसमें भी चीनी की कीमतों में हुई अप्रत्याशित वृद्धि ने रसोई के बजट को पूरी तरह असंतुलित कर दिया है।
ममता, गृहिणी
सामग्री थोक फुटकर
चीनी 6100 63
आटा 3000 36
मूंग 9000 95
चना 7000 80
छोले 11000 120
अरहर 12000 130
नोट : थोक में प्रति क्विंटल व फुटकर प्रतिकिलो रुपये में (दाम 17 अगस्त)
