इकदिल (इटावा)। थानाक्षेत्र के ग्राम मानिकपुर के जंगल में मंगलवार दोपहर गोशाला से करीब 500 मीटर दूर शीशम के पेड़ से मजदूर का शव प्लास्टिक की रस्सी से लटका मिला। शव की हालत देख पत्नी समेत परिजन ने हत्या कर लटकाए जाने का आरोप लगाया है। युवक एक दिन पहले से लापता था। परिजन ने प्लॉट विवाद की रंजिश में हत्या किए जाने की आशंका जताई है। पुलिस व फॉरेंसिक टीम ने मौके से साक्ष्य एकत्र कर शव पोस्टमार्टम के लिए भेजा है।
सोमवार दोपहर करीब एक बजे नगला बर निवासी रंजीत राजपूत (30) घर से बाइक से निकला था। दोपहर करीब ढाई बजे परिजन की उससे फोन पर बात हुई। इसके बाद मोबाइल बंद हो गया था। अनहोनी की आशंका पर पत्नी पूजा देवी ने मानिकपुर चौकी में शिकायत की। सोमवार रात करीब नौ बजे गोशाला के पास रंजीत की बाइक लावारिस हालत में मिली जिसे पुलिस चौकी ले आई। मंगलवार दोपहर दो बजे रंजीत का रिश्तेदार आकाश क्षेत्र के कई युवकों को लेकर खोजबीन में जुटा था। इस दौरान उसने रंजीत का शव शीशम के पेड़ से लटका देखा। सूचना पर सीओ सिटी अभय नारायण राय, थाना प्रभारी विक्रम सिंह चौहान फॉरेंसिक टीम के साथ मौके पर पहुंचे। पूजा ने सीओ को बताया कि गांव में एक प्लॉट को लेकर कुछ लोगों से पुराना विवाद चल रहा था। इसको लेकर पति को कई बार धमकी भी मिल चुकी थी। रंजीत दो भाइयों में छोटा था। मेहनत-मजदूरी कर परिवार का पालन-पोषण करता था। परिवार में पत्नी पूजा, चार वर्षीय पुत्री आरुषि, और दो माह का बेटा आरव है।
सीओ सिटी अभय नारायण राय ने बताया कि फॉरेंसिक टीम ने मौके से साक्ष्य जुटाए हैं। गुमशुदगी दर्ज थी। परिजन की ओर से लगाए गए आरोपों समेत सभी पहलुओं की गहनता से जांच की जा रही है। डॉक्टरों के पैनल से वीडियोग्राफी के साथ पोस्टमार्टम करवाया जा रहा है। रिपोर्ट आने के बाद मौत की वजह की सही जानकारी हो सकेगी। इसके आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी।
शव के घुटने जमीन पर थे टिके
ग्रामीणों तथा प्रत्यक्षदर्शियों ने बताया कि रंजीत का शव शीशम के पेड़ से लटका जरूर था लेकिन उसके घुटने जमीन पर टिके थे। ऐसे में कोई व्यक्ति कैसे फंदा लगाकर जान दे सकता है। साथ ही रंजीत के गर्दन व पैरों में चोट के निशान थे। लोगों ने आशंका जताई कि रंजीत की हत्या करने से पहले उसके साथ मारपीट भी की गई। इसके बाद हत्या को आत्महत्या दिखाने के लिए उसके शव को फंदे पर लटका दिया।
मानिकपुर पुलिस की कार्यशैली पर सवाल
पूजा देवी ने बताया कि पति का मोबाइल दोपहर तीन बजे बंद होने पर कुछ शक हुआ। देर शाम तक पति के न आने पर उसे चिंता हुई तो रात 10 बजे चौकी में पति के लापता व अनहोनी की आशंका जताकर प्रार्थना पत्र दिया था। आरोप है कि पुलिस ने रंजीत की बाइक रात में ही बरामद कर ली थी लेकिन आसपास क्षेत्र में उसकी तलाश नहीं की। अगर पुलिस सही ढंग से जांच करती तो पति की जान को बचाया जा सकता था।

फोटो :25 रंजीत की फाइल फोटो। स्रोत परिजन– फोटो : सांकेतिक

फोटो :25 रंजीत की फाइल फोटो। स्रोत परिजन– फोटो : सांकेतिक
