बच्चों के विरुद्ध अपराधों की रोकथाम और बाल श्रम उन्मूलन की दिशा में उत्तर प्रदेश ने हाल के वर्षों में उल्लेखनीय उपलब्धियां हासिल की हैं। बाल अधिकारों के क्षेत्र में कार्यरत संगठन Just Rights for Children (जेआरसी) और राज्य सरकार के संयुक्त प्रयासों से बाल श्रम, बाल विवाह, मानव तस्करी और बाल यौन शोषण के खिलाफ व्यापक अभियान चलाया गया है।
वर्ष 2025-26 के दौरान जेआरसी और विभिन्न सरकारी एजेंसियों ने ट्रैफिकिंग तथा बाल श्रम के शिकार बच्चों को मुक्त कराने के लिए 3,805 अभियान चलाए। इन अभियानों के माध्यम से 5,000 से अधिक बच्चों को बाल श्रम और तस्करी के चंगुल से मुक्त कराया गया। साथ ही अपराधियों के खिलाफ 919 एफआईआर दर्ज कराई गईं, जबकि वर्ष 2023-24 में ऐसे मामलों में केवल 261 एफआईआर दर्ज हुई थीं।
बाल श्रम के खिलाफ कार्रवाई को और प्रभावी बनाते हुए श्रम विभाग ने 2,552 से अधिक मामलों में चालान भी जारी किए। वहीं, बाल विवाह रोकने की दिशा में भी बड़ी सफलता मिली। जेआरसी नेटवर्क ने स्थानीय प्रशासन, पुलिस और आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं के सहयोग से 17,303 बाल विवाह रुकवाए। अधिकांश मामलों में परिवारों से लिखित शपथपत्र लेकर विवाह रोके गए, जबकि कई मामलों में पुलिस हस्तक्षेप और न्यायालय के आदेशों की मदद ली गई।
