Muzaffarnagar में लंबे समय से बंद पड़े राजवाहे को दोबारा सक्रिय करने के लिए सिंचाई विभाग ने सफाई और खुदाई का कार्य शुरू कर दिया है। जेसीबी मशीनों से राजवाहे की सफाई कर मार्ग को पुनः खोलने की प्रक्रिया तेज कर दी गई है, जिससे क्षेत्र में जलनिकासी व्यवस्था बेहतर होने की उम्मीद जताई जा रही है।
इस कार्रवाई को प्रशासन द्वारा सरकारी भूमि और जलमार्गों को अतिक्रमण मुक्त करने के व्यापक अभियान का हिस्सा माना जा रहा है।
भोपा रोड से एटूजेड रोड होते हुए जड़ौदा नाले तक जाता है राजवाहा
स्थानीय किसानों और व्यापारियों के अनुसार यह राजवाहा भोपा रोड स्थित विश्वकर्मा चौक के पीछे से शुरू होकर नई मंडी क्षेत्र से गुजरते हुए एटूजेड रोड तक जाता है और आगे राष्ट्रीय राजमार्ग-58 पार कर जड़ौदा नाले में मिल जाता है।
बताया जा रहा है कि इस मार्ग पर कई स्थानों पर कॉलोनाइजरों द्वारा राजवाहे को अवरुद्ध कर दिया गया था, जिसके कारण वर्षों से जल निकासी प्रभावित हो रही थी।
जलभराव की समस्या से मिल सकती है राहत
व्यापारियों का कहना है कि राजवाहे की सफाई से मुख्य मार्गों पर जलभराव की समस्या काफी हद तक समाप्त हो सकती है। विशेष रूप से भोपा रोड, एटूजेड रोड और जड़ौदा चौक क्षेत्र में बरसात के समय पानी भरने की समस्या लंबे समय से बनी हुई थी।
राजवाहा दोबारा चालू होने से वर्षा जल की निकासी सुचारु होने की संभावना बढ़ गई है।
उद्योगों को नुकसान न हो—फैक्ट्री स्वामियों की प्रशासन से अपील
स्थानीय उद्योग संचालकों और व्यापारियों ने सिंचाई विभाग से अपील की है कि राजवाहे की सफाई का कार्य करते समय उद्योगों को किसी प्रकार का नुकसान न पहुंचे। उन्होंने सुझाव दिया कि प्रशासन आपसी समन्वय और संवाद के साथ कार्य करे ताकि विकास कार्य और औद्योगिक गतिविधियों के बीच संतुलन बना रहे।
फेडरेशन अध्यक्ष नीलकमल पुरी और व्यापारी राकेश जैन सहित अन्य व्यापारियों ने मौके पर मौजूद रहकर अधिकारियों से इस संबंध में चर्चा भी की।
सरकारी भूमि और जलमार्गों से अतिक्रमण हटाने की कार्रवाई तेज
राज्य सरकार की ओर से समय-समय पर तालाबों, नालों और सरकारी जमीनों से अवैध कब्जे हटाने के निर्देश जारी किए जाते रहे हैं। इसी क्रम में सिंचाई विभाग ने लंबे समय से बंद पड़े इस राजवाहे की सफाई और पुनर्स्थापन का कार्य शुरू किया है।
स्थानीय लोगों का कहना है कि यदि यह कार्य निरंतर जारी रहा तो क्षेत्र की जल निकासी व्यवस्था स्थायी रूप से बेहतर हो सकती है।
नई मंडी से संधावली चौक तक औद्योगिक क्षेत्र को होगा लाभ
व्यापारियों के अनुसार संधावली चौक से लेकर जड़ौदा तक कई फैक्ट्रियां स्थित हैं, जो बरसात के मौसम में जलभराव से प्रभावित होती रही हैं। राजवाहा चालू होने से इन क्षेत्रों में जलभराव की समस्या कम होने की उम्मीद जताई जा रही है।
इससे मुख्य हाईवे पर भी पानी जमा होने की स्थिति में सुधार आएगा, जिससे यातायात व्यवस्था भी प्रभावित नहीं होगी।
स्थानीय किसानों और व्यापारियों ने जताई उम्मीद
किसानों का कहना है कि राजवाहे की सफाई से खेतों में पानी की निकासी बेहतर होगी और सिंचाई व्यवस्था को भी अप्रत्यक्ष लाभ मिलेगा। वहीं व्यापारियों ने उम्मीद जताई कि प्रशासन इस कार्य को व्यवस्थित तरीके से पूरा करेगा।
यदि राजवाहा पूरी तरह से बहाल हो जाता है तो क्षेत्र के कई हिस्सों में लंबे समय से चली आ रही जलभराव की समस्या समाप्त हो सकती है।
भोपा रोड से एटूजेड रोड और जड़ौदा नाले तक फैले वर्षों से बंद पड़े राजवाहे की सफाई शुरू होने से क्षेत्र में जल निकासी व्यवस्था सुधारने की उम्मीद मजबूत हुई है। स्थानीय किसानों, व्यापारियों और उद्योग संचालकों ने प्रशासन की इस पहल का स्वागत करते हुए कार्य को संतुलित और समन्वय के साथ पूरा करने की अपेक्षा जताई है, ताकि विकास और औद्योगिक गतिविधियां दोनों समान रूप से प्रभावित न हों।
