गभाना थाना क्षेत्र के वीरपुरा में 9 अगस्त देर रात चेकिंग के दौरान पुलिस और बदमाशों के बीच मुठभेड़ हो गई। पुलिस के मुताबिक, कार सवार बदमाशों ने रोकने का प्रयास करने पर बैरियर में टक्कर मारकर भागने की कोशिश की और पुलिस टीम पर फायरिंग कर दी। जवाबी कार्रवाई में तीन बदमाशों के पैर में गोली लगी। पुलिस ने चार आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया। घायल आरोपियों को उपचार के लिए जिला अस्पताल भेजा गया है।
क्षेत्राधिकारी महेश कुमार ने बताया कि थाना गभाना पुलिस और क्रिमिनल इंटेलिजेंस विंग नगर की संयुक्त टीम रविवार रात क्षेत्र में चेकिंग कर रही थी। इसी दौरान एक सफेद कार आती दिखाई दी। पुलिस ने कार को रोकने का प्रयास किया तो चालक ने गति बढ़ा दी और बैरियर में टक्कर मारकर भागने की कोशिश की। पुलिस का आरोप है कि कार सवारों ने जान से मारने की नीयत से टीम पर फायरिंग शुरू कर दी। पुलिसकर्मियों ने आत्मरक्षा में जवाबी फायरिंग की। इसमें तीन आरोपी घायल हो गए। पुलिस ने चारों को गिरफ्तार कर लिया। उनकी पहचान दिलशाद, अजमत उर्फ इकबाल उर्फ मौजी, करूआ उर्फ नौशाद और दानिश निवासी ग्राम रायट, थाना लोधा के रूप में हुई है।
चार तमंचे और 15 कारतूस बरामद
पुलिस के अनुसार, आरोपियों के कब्जे से चार तमंचे 315 बोर, 10 कारतूस और पांच खोखा कारतूस, एक छुरा, एक गंडासा और एक कार बरामद हुई है।
पूछताछ में गोकशी की बात स्वीकारी
पुलिस का दावा है कि पूछताछ में आरोपियों ने बताया कि वे गोकशी करते हैं और इसी उद्देश्य से गभाना क्षेत्र में घूम रहे थे। पुलिस के मुताबिक, गिरफ्तार आरोपियों में दिलशाद, अजमत और करूआ थाना लोधा के हिस्ट्रीशीटर हैं। अजमत के खिलाफ टप्पल थाना क्षेत्र में हुई पुलिस मुठभेड़ के मामले में भी मुकदमा दर्ज है और वह उसमें वांछित चल रहा था। आरोपियों के खिलाफ अलीगढ़, हाथरस और बुलंदशहर के विभिन्न थानों में हत्या के प्रयास, गैंगस्टर एक्ट, आयुध अधिनियम, चोरी और गोहत्या से संबंधित कई मुकदमे दर्ज हैं।
