यूपी के सीतापुर में कोतवाली देहात क्षेत्र में पेड़ की डाल से लटका किशोरी का शव मिलने के मामले में पुलिस ने मुकदमा दर्ज करके तीन आरोपियों को हिरासत में लिया है। वहीं पुलिस की लापरवाही पर चौकी इंचार्ज को निलंबित कर दिया गया है। एसएचओ के खिलाफ जांच बैठाई गई है।
मामले में तीन आरोपियों को हिरासत में लेकर पूछताछ की जा रही है। पोस्टमार्टम रिपोर्ट में मौत का कारण हैंगिंग बताया गया है। जांच में सामने आने वाले हर तथ्य को गंभीरता से लिया जा रहा है।
सीतापुर मामले में सरकार सख्त है। सिर्फ आरोपियों पर ही कार्रवाई नहीं, बल्कि पुलिस की भूमिका में लापरवाही मिलने पर चौकी इंचार्ज को निलंबित कर दिया गया है। जबकि, एसएचओ के विरुद्ध जांच चल रही है।
यूपी में कानून-व्यवस्था में चूक पर जिम्मेदार अधिकारियों और कर्मचारियों की जवाबदेही तय की जा रही है। सरकार का सख्त संदेश है कि अपराध करने वाला हो, उसे संरक्षण देने वाला हो या कार्रवाई में लापरवाही बरतने वाला जांच में दोषी मिलने पर किसी को बख्शा नहीं जाएगा।
