सुमेरपुर ब्लॉक के नारायणपुर कंपोजिट स्कूल की सहायक शिक्षिका निशा तोमर पर गंभीर आरोप लगे हैं। उन्होंने स्कूल न आने के बावजूद प्रधान शिक्षक पर दबाव डालकर छूटे हस्ताक्षर बनाए। इस मामले में उनसे स्पष्टीकरण मांगा गया है। प्रधान शिक्षक चंद्रभान सिंह ने इसकी शिकायत की थी। उन्होंने बताया कि निशा तोमर कानपुर से आती हैं।
स्कूल में चार महिला शिक्षिकाएं गुट बनाकर अपनी ड्यूटी तय करती हैं। कोई न कोई शिक्षिका पूरे महीने अनुपस्थित रहती है। निशा तोमर महीने में एक या दो दिन ही आती हैं। फोन करने पर वह खुद को जिला या प्रदेश कार्यालय से संबद्ध बताती हैं। बीएसए शैलेष कुमार पांडेय ने बीईओ बिछिया संजय कुमार से जांच कराई। जांच में आरोप सही पाए गए।
जांच में पता चला कि मई में निशा तोमर केवल चार दिन स्कूल आईं। इसके बावजूद उनकी उपस्थिति पूरे महीने दर्ज मिली। जून में भी यही हाल रहा। 16, 22, 24 और 25 जून को उन्होंने रजिस्टर छीनकर हस्ताक्षर किए। प्रधान शिक्षक को मना करने पर जूतों से मारने की धमकी भी दी गई। महिला शिक्षकों की गुटबाजी से स्कूल का माहौल खराब हो रहा है। बीएसए ने मामले की जांच जारी रहने की बात कही है।
