राम मंदिर चढ़ावा चोरी मामले की जांच कर रही विशेष जांच टीम (एसआईटी) शुक्रवार को अपनी विस्तृत जांच रिपोर्ट शासन को सौंप सकती है। शासन ने एसआईटी को विस्तृत जांच के लिए 15 जुलाई तक का समय दिया था। तय समयसीमा पूरी होने के बाद भी बुधवार और गुरुवार तक रिपोर्ट शासन को नहीं सौंपी गई।

चढ़ावा चोरी का मामला सामने आने के बाद 13 जून को श्रीराम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट ने मुख्यमंत्री से एसआईटी गठित करने की मांग की थी। उसी दिन शासन ने लखनऊ मंडलायुक्त विजय विश्वास पंत, आईजी रेंज लखनऊ किरण एस. और विशेष सचिव वित्त नील रतन की तीन सदस्यीय एसआईटी का गठन किया था। एसआईटी ने 23 जून को अपनी प्रारंभिक रिपोर्ट शासन को सौंपी थी। इसके आधार पर एफआईआर दर्ज हुई, आरोपियों की गिरफ्तारी हुई और ट्रस्ट के तत्कालीन पदाधिकारी चंपत राय व डॉ. अनिल मिश्रा ने इस्तीफा दे दिया था। बाद में शासन ने विस्तृत जांच के लिए एसआईटी की मियाद 15 जुलाई तक बढ़ा दी थी।

सूत्रों के मुताबिक अंतिम रिपोर्ट में चढ़ावा गणना व्यवस्था में हुई अनियमितताओं, मंदिर प्रबंधन से जुड़े कुछ पदाधिकारियों की भूमिका और भविष्य में ऐसी घटनाओं की रोकथाम के लिए कई अहम सिफारिशें शामिल हैं। रिपोर्ट शासन को सौंपे जाने के बाद आगे की कार्रवाई पर फैसला लिया जाएगा।



Source link

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

अभी अभी की खबरें