इटावा। धनतेरस और दिवाली पर्व को लेकर बाजार पूरी तरह से सज गया है। इसको लेकर शहर के बाजारों में रौनक बढ़ गई है। शहर के प्रमुख बाजारों में पूजा-पाठ और घरों की सजावट से जुड़े सामान की दुकानें आकर्षण का केंद्र बनी हुई हैं। सुबह से लेकर देर शाम तक बाजारों में ग्राहकों की भीड़ रही।
नगर पालिका रोड स्थित दुकानदार राकेश कुमार ने बताया कि धनतेरस को लेकर मिट्टी के दीयों की मांग बढ़ी है। उनके यहां मिट्टी के दीये एक से दो रुपये प्रति पीस, मोमबत्ती पांच से 50 रुपये तक और रंग-बिरंगी झालरें 50 से 200 रुपये तक बिक रही हैं। वहीं, लक्ष्मी-गणेश की प्रतिमाओं की कीमत 50 से 500 रुपये तक है। लोग धनतेरस पर पूजा के लिए मिट्टी के दीये, मोमबत्ती, लक्ष्मी-गणेश की मूर्तियां, पूजा थाली, कलश और घरों को सजाने के लिए रंग-बिरंगी झालरें, बंदनवार तथा रंगोली की खरीदारी कर रहे हैं।
इसी तरह सब्जी मंडी में पूजा सामग्री की दुकानों पर ग्राहकों की भीड़ देखने को मिली। दुकानदार ब्रजेश गुप्ता ने बताया कि पूजा थाली 150 से 250 रुपये, कलश 50 से 400 रुपये और रंगोली 30 से 100 रुपये तक में उपलब्ध है। घरों और दुकानों को आकर्षक रूप देने के लिए बंदनवार और सजावटी लाइटों की भी खूब खरीदारी हो रही है।
तहसील चौराहे, सराय शेख, आईटीआई चौराहे और फ्रेंड्स कॉलोनी स्थित बर्तनों की दुकानों पर शाम तक रौनक दिखी। कारों और बाइकों समेत सभी ऑटोमोबाइल्स से जुड़े शोरूम भी रोशनी से जगमगाते रहे। होमगंज स्थित सराफे की दुकानों पर देर रात तक ग्राहकों की भीड़ नजर आई। लोग धनतेरस के लिए अपने पसंदीदा गहने बुक करते दिखे।
बर्तन कारोबारी तारा जैन और पप्पू जैन ने बताया कि इस बार बर्तनों में कटोरी और बाल्टी की मांग अधिक है। बाजार में कई नई डिजाइन की कटोरियां भी ग्राहकों के लिए उपलब्ध हैं। व्यापारियों को इस बार धनतेरस पर अच्छी बिक्री की प्रबल उम्मीद है। बाजार की यह तैयारी धन की वर्षा के संकेत दे रही है। त्योहार को लेकर बाजार में बढ़ी चहल-पहल से छोटे दुकानदारों के चेहरे भी खिले हैं। दुकानदारों को उम्मीद है कि धनतेरस और दिवाली के दिन खरीदारी में और तेजी आएगी।

