मानिक चौक के आठ सराफा कारोबारियों से करीब डेढ़ करोड़ का सोना लेकर लापता हुए युवक को कोतवाली पुलिस ग्यारह दिन बाद भी तलाश नहीं सकी। लाखों रुपये गंवाने से हताश एवं डिप्रेशन के शिकार सराफा कारोबारी रोजाना कोतवाली में गुहार लेकर पहुंचते हैं लेकिन, वहां से उनको बैरंग लौटना पड़ता है। कोतवाली पुलिस के पास इतने दिन भी लापता युवक के बारे में कोई भी सुराग नहीं है।

कोतवाली पुलिस की इस मामले में शुरू से ही लापरवाही रही। 12 मई को सराफा कारोबारी शिकायत लेकर कोतवाली पहुंचे लेकिन, उनकी सुनवाई नहीं हुई। कोतवाली पुलिस ने उनकी तहरीर तक नहीं ली। कई दिन तक सुनवाई न होने से परेशान सराफा कारोबारियों ने आखिरकार 16 मई को आईजी आकाश कुलहरि से गुहार लगाई। आईजी के फटकराने पर सोमवार को कोतवाली पुलिस ने मुख्य आरोपी दीक्षित बाग निवासी कुलदीप सोनी उर्फ दीपू उसके साले अजय एवं गुरसराय निवासी श्याम जी अग्रवाल के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज कर ली लेकिन, इन सबके बीच 11 दिन गुजर गए। इस मौके का भरपूर फायदा उठाकर जालसाज दूर जा निकाला। अब पुलिस सिर्फ सराफा कारोबारियों के सहारे ही उसका सुराग लगाने की कोशिश कर रही है। सराफा कारोबारियों ने बताया कि आरोपी कुलदीप सोनी जेवरात लेकर जगह-जगह मंडी में बेचता था। उसे बेचने के बाद कमीशन काटकर पैसा लौटता था। 6 मई से वह लापता हो गया। इनमें प्रमोद सोनी का 58 लाख, जितेंद्र सिंह का 73 लाख, पंकज गुप्ता का 6 लाख, सोनू सोनी का 15 लाख, आयुष सोनी का 3 लाख, प्रेम नारायण सोनी का दो लाख, प्रतीक वर्मा का 15 लाख एवं आदित्य सोनी का 1.45 लाख रुपये के जेवर शामिल थे।

सीओ सिटी लक्ष्मीकांत गौतम का कहना है कि पुलिस टीम को लगाया गया है। आरोपी की तलाश की जा रही है।



Source link

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

अभी अभी की खबरें