बाबूपुरवा बगाही, टीपीनगर निवासी राकेश कुमार पाल ने पुलिस को बताया कि उनके बेटे जितेंद्र पाल से फतेहपुर के अबू मोहम्मदपुर आवास-विकास निवासी शिव प्रताप सिंह ने दोस्ती की। शिव प्रताप ने जितेंद्र को भरोसे में लेकर उससे 10.50 लाख रुपये, कार और करीब डेढ़ लाख रुपये का मोबाइल ले लिया। मोबाइल भी उनके बेटे ने क्रेडिट कार्ड से खरीदा था जिसकी किस्तें वह दे रहा था।
पिता का आरोप है कि जितेंद्र ने कई बार रकम, कार और मोबाइल वापस मांगा लेकिन आरोपी टालमटोल करता रहा। इससे जितेंद्र मानसिक तनाव में रहने लगा। नवंबर 2025 में उसकी तबीयत बिगड़ने पर अस्पताल में भर्ती कराया गया। लखनऊ के कई अस्पतालों में इलाज के बावजूद उसकी हालत में सुधार नहीं हुआ और उसकी मृत्यु हो गई। 10 मई 2026 को वह दूसरे बेटे विकास पाल के साथ शिव प्रताप के घर पहुंचे जहां आरोपी ने रकम और सामान लौटाने से मना कर दिया। बाबूपुरवा थाना प्रभारी नीरज ओझा ने बताया कि प्राथमिकी दर्ज कर जांच की जा रही है। जांच के आधार पर कार्रवाई की जाएगी।
