आगरा जोन के एडीजी से शिकायत करनी हो या फिर पुलिस कमिश्नर कार्यालय जाना हो, अब एक ही इमारत में जनता की शिकायतों का निस्तारण होगा। एक से दूसरे अधिकारी से मिलने जाने के लिए इधर-उधर नहीं भागना होगा। पुरानी मंडी मार्ग पर विधि विज्ञान प्रयोगशाला की जमीन पर 72 करोड़ की लागत से 8 मंजिला भवन तैयार किया जाएगा। भवन में आगंतुकों के बैठने के लिए स्थान से लेकर पार्किंग और लिफ्ट की सुविधा मिलेगी। इसका नक्शा तैयार हो गया है। डीपीआर शासन को तैयार कर भेजी जा रही है।
नवंबर, 2022 में आगरा को कमिश्नरेट का दर्जा मिला था। पहले पुलिस आयुक्त के रूप में डॉ. प्रीतिंदर सिंह को तैनाती मिली थी। उनके बाद जे. रविंदर गौड़ ने कमान संभाली थी। वर्तमान में दीपक कुमार पुलिस आयुक्त हैं। शुरुआत में पुलिस आयुक्त कार्यालय पुलिस लाइन में बनाया गया था, लेकिन यहां पर फरियादियों के बैठने के लिए उचित स्थान नहीं था। इसके बाद इसे यातायात पुलिस लाइन में शिफ्ट कर दिया गया।
इस कार्यालय को भी दूसरे स्थान पर बनाए जाने पर विचार किया जा रहा है। पुरानी मंडी मार्ग पर विधि विज्ञान प्रयोगशाला है। इसकी जमीन पर ही यह कार्यालय बनाया जाएगा। इसका नक्शा फाइनल हो गया है। शासन की हरी झंडी मिलने पर इसकी डीपीआर तैयार की गई है। पुलिस आयुक्त दीपक कुमार ने बताया कि 72 करोड़ की लागत से 8 मंजिला बिल्डिंग बनाई जाएगी। इसके परिसर में पार्किंग के लिए अलग से स्थान दिया जाएगा। लिफ्ट भी लगेगी। फरियादियों के बैठने के लिए उचित इंतजाम होंगे। इस भवन के पिछले हिस्से में कर्मचारियों के आवास बना बनाने पर भी विचार किया जा रहा है। डीपीआर शासन को भेजी जा रही है।
ये कार्यालय होंगे
72 करोड़ की लागत से बनाए जा रहे भवन में अपर पुलिस महानिदेशक आगरा जोन का कार्यालय होगा। इसके साथ ही पुलिस आयुक्त, पुलिस महानिरीक्षक आगरा रेंज, विधि विज्ञान प्रयोगशाला, साइबर थाना आतंकवादी निरोधक दस्ता कार्यालय भी बनाया जाएगा।
