किरावली। कस्बा किरावली की शंकर विहार कॉलोनी में आयोजित श्रीमद्भागवत कथा के छठवें दिन सोमवार को श्रद्धालुओं की भारी भीड़ उमड़ी। कथा व्यास छवीली शरण महाराज ने संगीतमय कथा का श्रवण कराते हुए कहा कि महारास जीव और शिव के मिलन का प्रतीक है, जो काम पर विजय प्राप्ति की अलौकिक लीला है। कथा के दौरान जैसे ही श्रीकृष्ण-रुक्मिणी विवाह का दिव्य प्रसंग शुरू हुआ, पूरा पंडाल मंगल गीतों और श्रद्धालुओं की तालियों से गूंज उठा।
कथा के मुख्य यजमान (परीक्षित) वीरेंद्र चाहर एवं शीला देवी चाहर रहे। इस धार्मिक आयोजन में मुख्य रूप से गोलू चाहर, चेतन चाहर, दीपचंद चाहर, भोलू चाहर, रमेश राना, जवाहर सिंह, बलराम सिंह, बच्चू सिंह सोलंकी सहित सैकड़ों की संख्या में महिला-पुरुष श्रद्धालुओं ने भाग लेकर श्रीमद्भागवत कथा का श्रवण किया और पुण्य लाभ कमाया।
