आगरा में जिपलाइन हादसे में बेटे की मौत के बाद अब तक कोई बड़ी कार्रवाई न होने से आहत माता-पिता शुक्रवार को जिलाधिकारी कार्यालय पहुंचे। अधिकारियों के सामने वह अपनी पीड़ा व्यक्त करते समय फूट-फूटकर रोए और इन्साफ की मांग की।
ताजनगरी फेज-2 स्थित जोनल पार्क में 24 मई को फिरोजाबाद के चूड़ी कारोबारी पंकज अग्रवाल के 16 साल के बेटे कुनाल की जिपलाइन से गिरकर मौत हो गई थी। उसे पहनाया गया हुक अचानक टूट जाने से हादसा हुआ था। कुनाल की मां रिंकी और पिता पंकज अग्रवाल के साथ अखिल भारतीय अग्रवाल महासभा के पदाधिकारी भी पहुंचे थे।
मां ने प्रशासनिक संवेदनहीनता और एडवेंचर कंपनी पर गंभीर आरोप लगाते हुए कहा कि मेरा बेटा दो घंटे तक तड़पता रहा लेकिन कंपनी का कोई कर्मचारी मदद के लिए नहीं आया। पार्क में एंबुलेंस या फर्स्ट-एड व्यवस्था नहीं थी। आखिरकार खुद उसे ऑटो से अस्पताल ले गए। समय पर इलाज मिलने से बेटा बच सकता था। उन्होंने दोषियों के नाम उजागर करने और सख्त सजा देने की मांग की।
पिता ने कहा कि हादसे के पांच दिन बाद भी एडीए या ठेकेदार कंपनी का कोई जिम्मेदार सामने नहीं आया है। पुलिस ने जल्दबाजी में जो तहरीर ली, उसमें भी खामियां हैं। महासभा ने प्रशासन से दोषियों पर सख्त कार्रवाई करने और 50 लाख रुपये मुआवजे की मांग की। संगठन ने गिरफ्तारी नहीं होने पर उग्र आंदोलन की चेतावनी भी दी। जिलाधिकारी मनीष बंसल ने पीड़ित माता-पिता को ढाढ़स बंधाया और मामले की निष्पक्ष जांच का भरोसा दिया। उन्होंने कहा कि जांच में जो भी दोषी पाया जाएगा, उसे बख्शा नहीं जाएगा।
