कहावत पुरानी है कि अगर राजनीति में आप चर्चा में नहीं हैं तो आपका यहां होना बेकार है। आप अगर राजनीतिक विरोधियों के निशाने पर नहीं रहते, उन्हें अपने ऊपर बोलने को मजबूर नहीं कर सकते तो आप सियासत में समय बर्बाद कर रहे हैं। उत्तर प्रदेश के उप मुख्यमंत्री ब्रजेश पाठक ने जैसे इन कसौटियों को गांठ बांध लिया है। वह चर्चा में भी रहते हैं और राजनीतिक विरोधियों के निशाने पर भी।
दरअसल, पाठक पत्रकार बन गए और अपने ही मंत्रिमंडल के पिछड़ा वर्ग कल्याण राज्यमंत्री (स्वतंत्र प्रभार) नरेंद्र कश्यप से बातचीत के बहाने समाजवादी पार्टी, सपा अध्यक्ष अखिलेश यादव और उनके पीडीए फार्मूले पर निशाना साधा। निशाना सटीक लगा।
अखिलेश यादव ने ब्रजेश पाठक को बेकार और नाकाम कह दिया। पाठक ने अब न सिर्फ अखिलेश पर फिर निशाना साधा है बल्कि उन्हें मिर्ची लगे तो मैं क्या करूं… कहते हुए खुद की आगे की सियासी बिसात भी सजाना शुरू कर दी है।