राजधानी में भूमि के नए सर्किल रेट लागू होने के साथ ही जिले में जमीन की कीमतों का नया नक्शा सामने आ गया है। जिलाधिकारी विशाख जी की ओर से जारी सर्किल रेट के अनुसार राजधानी में सड़क किनारे स्थित कृषि भूमि का सर्किल रेट 1.30 करोड़ रुपये प्रति हेक्टेयर तक पहुंच गया है, जबकि कुछ ग्रामीण क्षेत्रों में यह दर मात्र 38 लाख रुपये प्रति हेक्टेयर है। वहीं सामान्य कृषि भूमि की दरें 30 लाख रुपये से लेकर 70 लाख रुपये प्रति हेक्टेयर तक निर्धारित की गई हैं।
प्रशासन ने प्रस्तावित सर्किल रेट पर प्राप्त 58 आपत्तियों और सुझावों के निस्तारण के बाद अंतिम सूची जारी की है। नई दरें तत्काल प्रभाव से लागू हो गई हैं और अब संपत्तियों की रजिस्ट्री इन्हीं दरों के आधार पर होगी। नई सूची में सबसे अधिक चर्चा सरोजनीनगर क्षेत्र की है।
भागूखेड़ा चौराहा से किसान पथ तक तथा जुनाबगंज चौराहा से भागूखेड़ा मार्ग तक स्थित भूमि का मूल्यांकन 130 लाख रुपये प्रति हेक्टेयर निर्धारित किया गया है। यह राजधानी में सड़क किनारे कृषि भूमि की सर्वाधिक दर है।
माना जा रहा है कि किसान पथ, एयरपोर्ट, एक्सप्रेसवे और तेजी से विकसित हो रहे औद्योगिक एवं आवासीय क्षेत्रों की वजह से इन इलाकों की जमीनों के मूल्य में लगातार वृद्धि हुई है। इसके विपरीत मोहनलालगंज तहसील के कई गांवों में सड़क किनारे कृषि भूमि की दर 38 लाख रुपये प्रति हेक्टेयर तय की गई है।
कनेरी, कोडरा रायपुर, खुद्दीखेड़ा, गोविंदपुर, जमौरिया, जहांगीरपुर, नटौली और नंदौली जैसे गांव सबसे कम मूल्यांकन वाले क्षेत्रों में शामिल हैं। इस प्रकार सबसे महंगी और सबसे सस्ती सड़क किनारे कृषि भूमि के बीच 92 लाख रुपये प्रति हेक्टेयर का अंतर है।
